Monday , 5 October 2026

ओवैसी का सपा को सीधा संदेश- साथ आए तो ठीक, नहीं तो अकेले उतरेंगे मैदान में; बोले- ‘मुसलमान किसी की बपौती नहीं’

यूपी डेस्क: उत्तर प्रदेश में आगामी विधानसभा चुनाव से पहले AIMIM प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने समाजवादी पार्टी और INDIA गठबंधन के सामने गठबंधन का प्रस्ताव रखा है। श्रावस्ती में एक कार्यक्रम के दौरान ओवैसी ने कहा कि उत्तर प्रदेश में बीजेपी की तीसरी बार सरकार नहीं बननी चाहिए। इसी मकसद से उन्होंने सपा और INDIA गठबंधन के साथ आने की बात कही, लेकिन साथ ही यह भी साफ कर दिया कि अगर प्रस्ताव स्वीकार नहीं हुआ तो उनकी पार्टी अकेले चुनाव मैदान में उतरेगी।

ओवैसी ने कहा कि उत्तर प्रदेश समेत देश के 20 करोड़ मुसलमान किसी की बपौती नहीं हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि राजनीतिक दल लंबे समय से मुसलमानों को वोट बैंक के तौर पर इस्तेमाल करते रहे हैं। उनके मुताबिक, अगर कोई पार्टी मुस्लिम समुदाय को सिर्फ वोट बैंक या अपनी संपत्ति समझती है तो आने वाले चुनाव में उसे इसका जवाब मिलेगा।

‘गठबंधन का प्रस्ताव कमजोरी नहीं, ताकत की निशानी’

AIMIM प्रमुख ने समाजवादी पार्टी को गठबंधन का प्रस्ताव देते हुए साफ किया कि इसे उनकी कमजोरी न समझा जाए। उन्होंने कहा कि बीजेपी को रोकने के लिए वह सपा और INDIA गठबंधन के साथ आने को तैयार हैं।

ओवैसी ने सपा को चेतावनी देते हुए कहा कि अगर पार्टी उनका हाथ ठुकराती है तो AIMIM अपने दम पर चुनाव लड़ेगी। उन्होंने कहा कि उनकी ओर से बढ़ाया गया हाथ कमजोरी नहीं बल्कि ताकत की निशानी है और अगर सपा इसे ठुकराती है तो उसे इसका जवाब चुनाव में मिलेगा।

‘मुसलमानों से नहीं, उनके वोट से प्यार’

ओवैसी ने आरोप लगाया कि पिछले 70-75 वर्षों से मुसलमानों का इस्तेमाल सिर्फ वोट बैंक के रूप में किया गया है। उन्होंने दावा किया कि लोगों की आंखों के सामने 200 से ज्यादा मदरसे सील किए गए, लेकिन समाजवादी पार्टी, बीजेपी या अन्य कथित धर्मनिरपेक्ष दलों ने उनकी मदद के लिए हाथ नहीं बढ़ाया।

उन्होंने दावा किया कि 18 से ज्यादा मदरसे गिरा दिए गए। ओवैसी ने सवाल उठाया कि उस समय समाजवादी पार्टी के नेता कहां थे। उन्होंने आरोप लगाया कि राजनीतिक दलों को मुसलमानों से नहीं बल्कि उनके वोट से प्यार है और वे मुस्लिम समुदाय को न्याय दिलाने के बजाय उसे कमजोर करना चाहते हैं।

AIMIM ने बताया सपा से अपना सबसे बड़ा अंतर

ओवैसी ने कहा कि AIMIM सिर्फ मुसलमानों के लिए नहीं, बल्कि दलितों समेत सभी वर्गों के न्याय की बात करती है। उन्होंने समाजवादी पार्टी पर निशाना साधते हुए कहा कि यही AIMIM और सपा के बीच सबसे बड़ा अंतर है।

उत्तर प्रदेश में अगले विधानसभा चुनाव से पहले ओवैसी के इस प्रस्ताव और सपा को दी गई चेतावनी से विपक्षी दलों के बीच संभावित गठबंधन को लेकर सियासी चर्चा तेज हो गई है।

 

Check Also

UP राज्यसभा चुनाव: BJP आज खोलेगी पत्ते या 10वीं सीट पर होगा बड़ा मुकाबला? सपा के तीसरे उम्मीदवार पर भी सस्पेंस

यूपी डेस्क: उत्तर प्रदेश में 10 राज्यसभा सीटों के लिए होने वाला चुनाव अब बेहद …