पटना डेस्क: राष्ट्रीय जनता दल (RJD) से हाल ही में इस्तीफा देने वाले मृत्युंजय तिवारी शुक्रवार को भारतीय जनता पार्टी (BJP) में शामिल हो गए। पटना स्थित भाजपा प्रदेश कार्यालय में आयोजित कार्यक्रम के दौरान उन्हें पार्टी की सदस्यता दिलाई गई। इससे पहले उन्होंने 16 जुलाई को आरजेडी के प्रवक्ता समेत पार्टी के सभी पदों से इस्तीफा दे दिया था।
‘सम्मान नहीं मिला, इसलिए छोड़ी पार्टी’
भाजपा की सदस्यता लेने से पहले मृत्युंजय तिवारी ने कहा कि उन्होंने किसी पद या राजनीतिक लाभ के लिए पार्टी नहीं बदली है। उनका कहना था कि आरजेडी में उन्हें वह सम्मान नहीं मिला, जिसके वे हकदार थे।
उन्होंने कहा कि अपने करीब 20 वर्षों के राजनीतिक सफर में उन्होंने कभी किसी पद की मांग नहीं की। उनके अनुसार, उन्होंने हमेशा सम्मान को प्राथमिकता दी और आत्मसम्मान की भावना के चलते ही पुरानी पार्टी छोड़ने का निर्णय लिया। उन्होंने विश्वास जताया कि भाजपा में उनके कार्य और योगदान का सम्मान किया जाएगा।
‘देशहित में काम करने वाली पार्टी को चुना’
भाजपा कार्यालय में सदस्यता ग्रहण करने के बाद जब उनसे पूछा गया कि आरजेडी छोड़ने के बाद उन्होंने भाजपा का ही चयन क्यों किया, तो उन्होंने कहा कि भाजपा देश और राष्ट्रीय हित में काम करने वाली पार्टी है।
उन्होंने कहा कि उन्होंने ऐसे राजनीतिक दल के साथ जुड़ने का फैसला किया है, जो उनके अनुसार देश, राज्य और धर्म के हितों के लिए कार्य करता है। साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि उन्होंने उन लोगों से अलग राह चुनने का फैसला किया है, जिन पर उन्होंने धर्म के आधार पर लोगों को भड़काने और सीमित वर्ग की राजनीति करने का आरोप लगाया।
16 जुलाई को दिया था इस्तीफा
मृत्युंजय तिवारी ने 16 जुलाई को आरजेडी के प्रवक्ता सहित पार्टी के सभी पदों से इस्तीफा दे दिया था। इसके कुछ दिनों बाद उन्होंने भाजपा का दामन थाम लिया। उनके इस फैसले को बिहार की राजनीति में एक महत्वपूर्ण घटनाक्रम के रूप में देखा जा रहा है।
Navyug Samachar