
यूपी डेस्क: पूर्व जिलाधिकारी और 2013 बैच की IAS अधिकारी दिव्या मित्तल ने प्रशासनिक सेवा से इस्तीफा देने के बाद अपने अगले कदम को लेकर चल रही चर्चाओं पर विराम लगा दिया है। उन्होंने वीडियो जारी कर बताया है कि अब वह राजनीति में कदम रखने की तैयारी कर रही हैं। दिव्या मित्तल उत्तर प्रदेश में रहकर जनता के बीच काम करना चाहती हैं और किसी स्थापित राजनीतिक दल के टिकट के बजाय अपने अलग राजनीतिक मंच के जरिए लोगों के बीच जाने की तैयारी में हैं।
हालांकि, दिव्या मित्तल चुनाव कहां से और कब लड़ेंगी, इसे लेकर अभी कोई स्पष्ट जानकारी सामने नहीं आई है। स्थानीय स्तर पर चर्चा है कि वह मिर्जापुर नगर विधानसभा क्षेत्र से चुनाव मैदान में उतर सकती हैं। उनके इस्तीफे के बाद सोशल मीडिया पर उनके भविष्य को लेकर कई तरह की अटकलें लगाई जा रही थीं। कुछ चर्चाओं में विदेश लौटने, कोचिंग शुरू करने या परिवार के साथ रहने की बातें कही जा रही थीं। अब वीडियो के जरिए उन्होंने अपने अगले कदम को लेकर स्थिति स्पष्ट कर दी है।
मिर्जापुर से रहा है खास जुड़ाव
दिव्या मित्तल का मिर्जापुर से पुराना जुड़ाव रहा है। जिलाधिकारी के तौर पर उनके कार्यकाल के दौरान लहुरियादह गांव में पेयजल संकट को लेकर किए गए प्रयासों ने उन्हें खास पहचान दिलाई थी। ग्रामीणों के मुताबिक, गांव में पानी की उपलब्धता बेहद सीमित थी। प्रशासनिक पहल के बाद गांव तक पानी पहुंचाने का काम किया गया, जिसके बाद स्थानीय स्तर पर दिव्या मित्तल की पहचान और लोकप्रियता बढ़ी।
संतकबीर नगर और देवरिया में भी चर्चा में रहे काम
दिव्या मित्तल संतकबीर नगर में जिलाधिकारी रहते हुए कोविड अस्पताल को बोर्ड परीक्षा केंद्र में बदलवाने के फैसले को लेकर भी चर्चा में रही थीं। इसका उद्देश्य छात्रों का एक साल बर्बाद होने से बचाना था। इसके बाद देवरिया में उन्होंने ‘ऑपरेशन कब्जा मुक्ति’ के तहत जन सहयोग के जरिए कार्रवाई की। इस अभियान में बिना पुलिस बल के 500 गांवों में 900 से अधिक सामुदायिक भूमि स्थलों को अतिक्रमण से मुक्त कराने की बात सामने आई थी।
IIT दिल्ली से BTech, IIM बेंगलुरु से MBA
दिव्या मित्तल की शैक्षणिक पृष्ठभूमि भी मजबूत रही है। उन्होंने IIT दिल्ली से बीटेक और IIM बेंगलुरु से MBA किया है। प्रशासनिक सेवा में आने से पहले उन्होंने लंदन में निजी क्षेत्र में नौकरी भी की थी। अब IAS पद से इस्तीफे के बाद उन्होंने राजनीति में आने का संकेत दिया है। हालांकि, चुनावी राजनीति में उनकी औपचारिक शुरुआत किस क्षेत्र और किस स्वरूप में होगी, यह अभी स्पष्ट नहीं है।
Navyug Samachar