Monday , 5 October 2026

NEET-UG री-एग्जाम से पहले NTA का सुरक्षा कवच तैयार! 5,500 से ज्यादा केंद्रों पर मेगा मॉक ड्रिल, 2 लाख कर्मी तैनात

नेशनल डेस्क : NEET-UG री-एग्जाम को पूरी तरह सुरक्षित और निष्पक्ष बनाने के लिए नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (एनटीए) ने परीक्षा से एक दिन पहले देशव्यापी मेगा मॉक ड्रिल आयोजित की है। इस व्यापक अभ्यास के जरिए परीक्षा केंद्रों की सुरक्षा व्यवस्था, प्रश्नपत्रों की सुरक्षित ढुलाई और निगरानी तंत्र की प्रभावशीलता को अंतिम रूप से परखा जा रहा है।

एनटीए के अनुसार यह फुल-स्केल रिहर्सल सुबह 9 बजे से रात 8 बजे तक संचालित की जा रही है। देश के 551 शहरों और विदेश के 14 शहरों में बनाए गए 5,500 से अधिक परीक्षा केंद्रों पर सुरक्षा और संचालन संबंधी व्यवस्थाओं की समीक्षा की जा रही है। सभी केंद्रों को हाई-सिक्योरिटी जोन के रूप में तैयार किया गया है।

इस बार होने वाली पुनर्परीक्षा में 22.79 लाख से अधिक अभ्यर्थियों के शामिल होने की उम्मीद है। ऐसे में एनटीए किसी भी प्रकार की चूक से बचने के लिए हर स्तर पर तैयारियों को मजबूत करने में जुटी है।

सुरक्षा व्यवस्था की हर कड़ी की हो रही जांच

मॉक ड्रिल के दौरान प्रश्नपत्रों की सुरक्षित डिलीवरी, सीसीटीवी निगरानी व्यवस्था, बायोमेट्रिक सत्यापन और बहुस्तरीय सुरक्षा जांच सहित सभी महत्वपूर्ण प्रक्रियाओं का वास्तविक समय में परीक्षण किया जा रहा है। इसका उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि परीक्षा के दिन किसी भी स्तर पर कोई तकनीकी या प्रशासनिक बाधा न आए।

6,669 पर्यवेक्षक रखेंगे नजर

एनटीए ने बताया कि पुनर्परीक्षा के सफल संचालन के लिए विभिन्न एजेंसियों और प्रशासनिक इकाइयों के बीच व्यापक समन्वय स्थापित किया गया है। परीक्षा व्यवस्था की निगरानी के लिए 674 शहर समन्वयकों को जिम्मेदारी सौंपी गई है, जो अपने-अपने क्षेत्रों में संचालन पर नजर रखेंगे।

इसके अलावा परीक्षा केंद्रों पर स्वतंत्र निगरानी सुनिश्चित करने के लिए 6,669 पर्यवेक्षकों की तैनाती की गई है। प्रत्येक केंद्र पर केंद्र अधीक्षक और पर्यवेक्षक नियुक्त किए गए हैं, जो परीक्षा प्रक्रिया के हर चरण की निगरानी करेंगे।

2 लाख से अधिक कर्मी संभालेंगे जिम्मेदारी

एनटीए के मुताबिक परीक्षा के शांतिपूर्ण और पारदर्शी आयोजन के लिए पुलिस, जिला प्रशासन और अन्य संबंधित विभागों सहित कुल 2 लाख से अधिक कर्मियों को तैनात किया गया है। सुरक्षा से लेकर परीक्षा संचालन तक हर स्तर पर विशेष सतर्कता बरती जा रही है।

पिछले विवादों और चुनौतियों को देखते हुए एनटीए इस बार किसी भी तरह की लापरवाही या गड़बड़ी की गुंजाइश नहीं छोड़ना चाहती। यही वजह है कि परीक्षा से पहले सुरक्षा और निगरानी तंत्र की व्यापक स्तर पर जांच की जा रही है, ताकि 21 जून को होने वाली री-एग्जाम प्रक्रिया पूरी तरह निष्पक्ष, पारदर्शी और व्यवस्थित ढंग से संपन्न हो सके।

 

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