
नई दिल्ली: इंडिया ए और ऑस्ट्रेलिया ए के बीच खेले जा रहे दो अनौपचारिक टेस्ट मैचों की सीरीज के पहले मुकाबले में भारतीय टीम ने ऑस्ट्रेलिया के सामने 363 रन का लक्ष्य रखा है। पहली पारी में 163 रन की बढ़त हासिल करने के बाद इंडिया ए की टीम दूसरी पारी में 199 रन पर ऑलआउट हो गई। कप्तान देवदत्त पडिक्कल ने दूसरी पारी में सबसे ज्यादा 59 रन बनाए, जबकि पहली पारी में शतक लगाने वाले कुमार कुशाग्र 46 रन बनाकर नाबाद रहे।
इंडिया ए ने पहली पारी में 334 रन बनाए थे। इसके जवाब में ऑस्ट्रेलिया ए की टीम 171 रन पर सिमट गई थी। इसके बाद भारतीय टीम ने दूसरी पारी में 57.5 ओवर में सभी 10 विकेट गंवाकर 199 रन बनाए। इस तरह भारत की कुल बढ़त 362 रन की हुई और ऑस्ट्रेलिया ए को जीत के लिए 363 रन का लक्ष्य मिला।
मुकाबले का आज तीसरा दिन है। अनौपचारिक टेस्ट मैच चार दिनों का होता है। ऐसे में ऑस्ट्रेलिया ए के पास लक्ष्य हासिल करने के लिए शुक्रवार 25 सितंबर का पूरा दिन और तीसरे दिन के करीब 25 ओवर का खेल बाकी है।
दूसरी पारी में लड़खड़ाई भारतीय बल्लेबाजी
इंडिया ए की दूसरी पारी में बल्लेबाजों को रन बनाने के लिए संघर्ष करना पड़ा। साई सुदर्शन अच्छी शुरुआत के बावजूद 39 रन ही बना सके। अमन मोखाड़े ने 9, शेख रसीद ने 0 और यश राठौड़ ने 12 रन बनाए। पहली पारी में अर्धशतक लगाने वाले तनुष कोटियान भी दूसरी पारी में सिर्फ 8 रन बनाकर आउट हो गए।
कप्तान देवदत्त पडिक्कल ने एक छोर संभाले रखा और 59 रन की पारी खेली। वहीं पहली पारी में शतक जड़ने वाले कुमार कुशाग्र 46 रन बनाकर नाबाद रहे।
टॉड मर्फी ने फिर बरपाया कहर
ऑस्ट्रेलिया ए की ओर से टॉड मर्फी ने भारतीय बल्लेबाजों को सबसे ज्यादा परेशान किया। उन्होंने दूसरी पारी में 4 विकेट अपने नाम किए। पहली पारी में भी मर्फी को 3 सफलता मिली थी। इस तरह पूरे मैच में वह अब तक 7 विकेट ले चुके हैं।
मर्फी के अलावा दूसरी पारी में लियाम स्कॉट और ब्रेंडन डॉग्गेट ने 2-2 विकेट लिए, जबकि जेसन संघा को एक सफलता मिली।
पहली पारी में भारतीय गेंदबाजों का दबदबा
इंडिया ए की पहली पारी के बाद गेंदबाजों ने शानदार प्रदर्शन किया था। शम्स मुलानी ने 18 ओवर में 67 रन देकर 4 विकेट झटके थे। तनुष कोटियान और तुषार देशपांडे ने 2-2 विकेट लिए, जबकि प्रफुल हिंगे और अंशुल कम्बोज को एक-एक सफलता मिली।
ऑस्ट्रेलिया ए की टीम पहली पारी में 171 रन पर ही सिमट गई थी। ऐसे में चौथी पारी में 363 रन का लक्ष्य हासिल करना उसके लिए चुनौतीपूर्ण होगा। भारतीय स्पिन गेंदबाजों के प्रदर्शन पर भी मुकाबले का नतीजा काफी हद तक निर्भर करेगा।
कुशाग्र का शतक, फिर नाबाद 46 रन
इंडिया ए के लिए कुमार कुशाग्र ने पहली पारी में शतक लगाया था। इसके बाद दूसरी पारी में भी उन्होंने अहम योगदान दिया और 46 रन बनाकर नाबाद रहे। वहीं देवदत्त पडिक्कल ने कप्तानी पारी खेलते हुए 59 रन बनाए और टीम को मजबूत बढ़त तक पहुंचाने में अहम भूमिका निभाई।
Navyug Samachar