यूपी डेस्क: उत्तर प्रदेश के मेरठ में पुलिस ने एक सनसनीखेज हत्या का खुलासा करते हुए मृतक की पत्नी, उसके कथित प्रेमी समेत चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, पति की हत्या को सांप के काटने से हुई सामान्य मौत दिखाने की कोशिश की गई थी। जांच में सामने आया कि पूरी वारदात कथित तौर पर बीमा की रकम हासिल करने और दोनों के साथ रहने की योजना के तहत अंजाम दी गई।
सांप के काटने की सूचना से शुरू हुई जांच
मेरठ के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अविनाश पांडे के मुताबिक, 17 जुलाई को अतुल पंवार की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत की सूचना मिली थी। मृतक की पत्नी दामिनी ने दावा किया था कि अतुल की मौत सांप के काटने से हुई है। इसके बाद उन्हें सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र हस्तिनापुर ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। परिजन शव को गांव भंडोरा ले गए, लेकिन मौत संदिग्ध लगने पर थाना हस्तिनापुर पुलिस को सूचना दी गई, जिसके बाद जांच शुरू हुई।
तकनीकी जांच में खुला प्रेम प्रसंग का राज
पुलिस की तकनीकी जांच और सर्विलांस के दौरान पता चला कि दामिनी का स्कूल के ड्राइवर तुषार के साथ कथित प्रेम संबंध था। दोनों के मोबाइल फोन की जांच में डिब्बे में बंद सांप की तस्वीर मिली। पूछताछ के दौरान दोनों ने कथित तौर पर स्वीकार किया कि उन्होंने एक सपेरे से जहरीला सांप खरीदा था और अतुल की हत्या की योजना बनाई थी।
पब्लिक स्कूल का संचालन करता था मृतक
पुलिस के अनुसार, 35 वर्षीय अतुल पंवार थाना हस्तिनापुर क्षेत्र के रामलीला मैदान के पास कृष्णा किड्स पब्लिक स्कूल का संचालन अपनी पत्नी दामिनी के साथ करते थे और वहीं रहते थे। दोनों ने वर्ष 2019 में प्रेम विवाह किया था। जांच के दौरान पुलिस को यह भी संदेह हुआ कि सांप का कंबल के भीतर पहुंचकर काटना सामान्य घटना नहीं हो सकती। इसी आधार पर जांच को आगे बढ़ाया गया।
20 लाख की बीमा राशि पर थी कथित नजर
जांच में सामने आया कि स्कूल शुरू करने से पहले अतुल एक प्रकाशन संस्थान में नौकरी करते थे और उन्होंने 20 लाख रुपये का बीमा कराया था। पुलिस के अनुसार, आरोपियों की योजना बीमा की राशि हासिल करने के बाद शादी करने की थी। तुषार ने कथित तौर पर दामिनी से बीमा का पैसा मिलने के बाद अपनी पत्नी को तलाक देने का वादा भी किया था।
पुलिस जांच में यह भी सामने आया कि इससे पहले अतुल को बिना नंबर की कार से कुचलने का प्रयास किया गया था। हालांकि, दामिनी ने उन्हें यह कहते हुए पुलिस में शिकायत दर्ज कराने से रोक दिया था कि बिना नंबर की गाड़ी के खिलाफ कार्रवाई संभव नहीं होगी।
दूध में नींद की गोलियां देकर सांप छोड़े जाने का आरोप
पुलिस पूछताछ में तुषार ने कथित तौर पर बताया कि घटना से एक रात पहले अतुल को दूध में अधिक मात्रा में नींद की गोलियां दी गई थीं। इसके बाद सोनू और उदय की मदद से एक जहरीला सांप लाकर अतुल के कंबल में छोड़ दिया गया, जिससे सांप के काटने से उसकी मौत हो गई। पुलिस के मुताबिक, बीमा राशि मिलने पर सहयोग के बदले सोनू और उदय को पांच लाख रुपये देने की बात भी तय हुई थी।
चार आरोपी गिरफ्तार, आगे की कार्रवाई जारी
स्वाट टीम देहात और थाना हस्तिनापुर पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में इस मामले का खुलासा करते हुए दामिनी, तुषार समेत चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है। पुलिस ने सभी के खिलाफ अग्रिम वैधानिक कार्रवाई शुरू कर दी है।
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