Saturday , 15 August 2026

राजस्थान से यूपी तक फैला नकली दवाओं का नेटवर्क बेनकाब! लखनऊ से 24 लाख, गोंडा से 1.13 करोड़ की खेप जब्त, 8 पर FIR

नेशनल डेस्क: उत्तर प्रदेश में नकली दवाओं के बड़े नेटवर्क का खुलासा हुआ है। खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन (एफएसडीए) और लखनऊ पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में लखनऊ से करीब 24 लाख रुपये और गोंडा से 1.13 करोड़ रुपये की संदिग्ध एवं नकली दवाओं की खेप बरामद की गई है। जांच में सामने आया है कि गैस, ब्लड प्रेशर, दर्द, सूजन, एंग्जायटी और एंटीबायोटिक जैसी दवाओं की नकली खेप राजस्थान से उत्तर प्रदेश भेजी जा रही थी।

इस मामले में सरगना समेत आठ लोगों के खिलाफ लखनऊ के अमीनाबाद थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई गई है। वहीं, गोंडा कोतवाली में भी दो आरोपियों के विरुद्ध मुकदमा दर्ज कराया गया है। विभाग की शुरुआती जांच में यह भी सामने आया कि दस दिन पहले अमीनाबाद स्थित एक अवैध गोदाम से बरामद दवाओं के लेबल पर प्रिंटिंग और स्पेलिंग की गंभीर त्रुटियां मिली थीं, जिसके बाद पूरे मामले की गहन जांच शुरू की गई।

जांच में खुला राजस्थान कनेक्शन

एफएसडीए ने नकली दवाओं की आशंका के आधार पर पहले 27 नमूने लेकर करीब 21 लाख रुपये की दवाएं जब्त की थीं। इसके बाद आयुक्त डॉ. रोशन जैकब के निर्देश पर जांच का दायरा बढ़ाया गया। बीकेटी स्थित एक गोदाम से चार नमूने लेकर करीब 3 लाख रुपये की दवाएं भी जब्त की गईं। इसी कड़ी में मिली जानकारी के आधार पर गोंडा के तीन गोदामों पर छापेमारी की गई, जहां से 1.13 करोड़ रुपये की नकली दवाएं बरामद हुईं। जांच में सिंडिकेट के सरगना के रूप में राजस्थान निवासी भूपेंद्र शर्मा और गुर्जर का नाम सामने आया है।

अमीनाबाद के गोदाम में मिला अवैध दवा भंडारण

औषधि निरीक्षक संदेश मौर्य और विवेक कुमार सिंह के नेतृत्व में एफएसडीए की टीम ने अमीनाबाद की मेडिसिन मार्केट में अवैध रूप से संचालित एक गोदाम पर छापा मारा। कार्रवाई के दौरान वहां बड़ी मात्रा में नामी कंपनियों की एलोपैथिक दवाओं का अवैध भंडारण मिला। जांच में दवाओं के लेबल पर प्रिंटिंग और स्पेलिंग की गंभीर गड़बड़ियां पाई गईं, जिन्हें नकली होने का प्रमुख आधार माना गया।

छापेमारी के दौरान अमीनाबाद से करीब 21 लाख रुपये की दवाएं जब्त की गईं। इसके अलावा बीकेटी स्थित राज विक्रम सिंह के अवैध गोदाम से लगभग 3 लाख रुपये की नकली दवाएं बरामद हुईं। टीम ने टेल्मा, पैंटॉप 40, क्लावाम 625 और जेरोडोल-एसपी सहित विभिन्न ब्रांड की संदिग्ध दवाओं के कुल 27 नमूने लेकर उन्हें सरकारी प्रयोगशाला में जांच के लिए भेज दिया है।

यूपी के कई जिलों तक फैला था सप्लाई नेटवर्क

जांच में खुलासा हुआ कि नकली दवाओं का पूरा नेटवर्क राजस्थान से संचालित किया जा रहा था। आरोप है कि राजस्थान के भूपेंद्र शर्मा और गुर्जर नकली दवाएं तैयार कर उत्तर प्रदेश के विभिन्न जिलों में सप्लाई करते थे। इस सिंडिकेट में प्रयागराज के वीरू सिंह चौहान, लखनऊ के राज विक्रम सिंह, गोंडा के अमन कसौधन, सीतापुर के रिहान, वाराणसी निवासी मिश्रा और अमीनाबाद के रंजीत सिंह जुल्का के नाम भी सामने आए हैं।

गोंडा में एनडीपीएस श्रेणी की दवाएं भी बरामद

एफएसडीए की कार्रवाई के दौरान गोंडा में एनडीपीएस श्रेणी की दवाओं का अवैध भंडार भी बरामद किया गया। विभाग ने सभी आरोपियों के खिलाफ बिना बिल बिक्री, अवैध परिवहन और नकली दवाओं के निर्माण सहित संबंधित धाराओं में कार्रवाई के लिए अमीनाबाद थाने में प्रार्थना पत्र दिया है।

 

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