
ऑटो डेस्क: देश की सबसे लोकप्रिय हैचबैक कारों में शामिल मारुति स्विफ्ट अब अपने नए अवतार में बाजार में मौजूद है। चौथी जनरेशन की नई स्विफ्ट में कंपनी ने डिजाइन, इंजन, माइलेज, फीचर्स और सुरक्षा के स्तर पर कई बड़े बदलाव किए हैं। इस बार सबसे बड़ा बदलाव नया Z Series 3-सिलेंडर पेट्रोल इंजन है, जिसे पहली बार स्विफ्ट में शामिल किया गया है। हालांकि यह इंजन पुराने मॉडल की तुलना में थोड़ी कम पावर देता है, लेकिन बेहतर माइलेज और कम ईंधन खर्च के कारण यह ग्राहकों के लिए आकर्षण का केंद्र बना हुआ है।
नई Z Series इंजन ने बदला ड्राइविंग का अनुभव
नई मारुति स्विफ्ट में 1.2 लीटर Z Series 3-सिलेंडर पेट्रोल इंजन दिया गया है, जिसने पुराने K Series 4-सिलेंडर इंजन की जगह ली है। कंपनी ने इस इंजन को रोजमर्रा की ड्राइविंग को ध्यान में रखते हुए तैयार किया है। इसकी खासियत बेहतर लो-एंड टॉर्क है, जिससे शहर के ट्रैफिक में कम स्पीड पर भी कार को चलाना आसान हो जाता है।
हालांकि पावर के मामले में यह इंजन पुराने मॉडल से थोड़ा पीछे है, लेकिन सामान्य इस्तेमाल, आरामदायक ड्राइविंग और बेहतर ईंधन बचत के लिहाज से इसे ज्यादा संतुलित बनाया गया है।
25 किलोमीटर से ज्यादा माइलेज बना सबसे बड़ा आकर्षण
नई स्विफ्ट की सबसे बड़ी खासियत इसका शानदार माइलेज है। कंपनी के अनुसार, इसका मैनुअल वेरिएंट करीब 24.8 किलोमीटर प्रति लीटर तक और एएमटी वेरिएंट करीब 25.75 किलोमीटर प्रति लीटर तक का माइलेज देने में सक्षम है।
खास बात यह है कि यह माइलेज बिना किसी स्ट्रॉन्ग हाइब्रिड तकनीक के हासिल किया गया है। पेट्रोल की बढ़ती कीमतों के बीच कम ईंधन खर्च वाली कार चाहने वाले ग्राहकों के लिए यह एक बड़ा फायदा माना जा रहा है।
AMT गियरबॉक्स पहले से ज्यादा हुआ बेहतर
नई स्विफ्ट में 5-स्पीड मैनुअल के साथ 5-स्पीड एएमटी गियरबॉक्स का विकल्प मिलता है। इस बार एएमटी तकनीक को पहले से ज्यादा बेहतर बनाया गया है। गियर बदलने का अनुभव पहले की तुलना में ज्यादा सहज महसूस होता है।
शहरों में भारी ट्रैफिक के दौरान बार-बार क्लच दबाने की परेशानी से बचने के लिए एएमटी वेरिएंट रोजाना ऑफिस आने-जाने वाले ग्राहकों के लिए उपयोगी विकल्प बन सकता है।
डिजाइन में मिला नया और प्रीमियम लुक
नई स्विफ्ट के डिजाइन में भी कई बदलाव किए गए हैं। इसमें नई फ्रंट ग्रिल, शार्प एलईडी हेडलाइट्स, नया बंपर, स्टाइलिश अलॉय व्हील और बदली हुई टेललाइट डिजाइन दी गई है।
कंपनी ने स्विफ्ट की पुरानी पहचान को बरकरार रखते हुए इसे ज्यादा आधुनिक और प्रीमियम बनाने की कोशिश की है। इसका नया डिजाइन युवाओं के साथ-साथ परिवार के ग्राहकों को भी आकर्षित कर सकता है।
केबिन में बढ़ा प्रीमियम एहसास
नई स्विफ्ट का इंटीरियर भी पहले से ज्यादा आधुनिक नजर आता है। इसमें नया डैशबोर्ड डिजाइन, बड़ा टचस्क्रीन इंफोटेनमेंट सिस्टम, बेहतर गुणवत्ता वाले मटेरियल और नया मल्टी-फंक्शन स्टीयरिंग व्हील दिया गया है।
बेहतर सीट डिजाइन और फिनिशिंग के कारण लंबी यात्रा के दौरान भी यात्रियों को ज्यादा आराम मिलने की उम्मीद है।
फीचर्स में भी हुआ बड़ा बदलाव
नई स्विफ्ट में कई ऐसे आधुनिक फीचर्स जोड़े गए हैं, जो पहले महंगी कारों में देखने को मिलते थे। इसमें वायरलेस एंड्रॉयड ऑटो और एप्पल कारप्ले, ऑटोमैटिक क्लाइमेट कंट्रोल, वायरलेस चार्जर, रियर एसी वेंट, क्रूज कंट्रोल, पुश-बटन स्टार्ट और कनेक्टेड कार तकनीक जैसे फीचर्स शामिल हैं।
इन सुविधाओं के कारण नई स्विफ्ट पहले के मुकाबले ज्यादा आरामदायक और तकनीकी रूप से बेहतर कार बन गई है।
सुरक्षा के मामले में भी बड़ा सुधार
मारुति ने नई स्विफ्ट में सुरक्षा को लेकर भी खास ध्यान दिया है। इसके सभी वेरिएंट में 6 एयरबैग मानक रूप से दिए गए हैं। इसके अलावा इलेक्ट्रॉनिक स्टेबिलिटी प्रोग्राम, हिल होल्ड असिस्ट, एबीएस के साथ ईबीडी, रियर पार्किंग कैमरा और आईएसओफिक्स चाइल्ड सीट एंकर जैसे सुरक्षा फीचर्स भी मिलते हैं।
इन बदलावों के बाद नई स्विफ्ट पहले के मुकाबले ज्यादा सुरक्षित विकल्प बनकर सामने आई है।
क्या पुरानी स्विफ्ट के मुकाबले नई कार ज्यादा बेहतर है?
अगर केवल इंजन की ताकत की बात करें तो पुराने 4-सिलेंडर इंजन की स्मूदनेस कुछ ग्राहकों को ज्यादा पसंद आ सकती है। लेकिन माइलेज, आधुनिक फीचर्स, सुरक्षा और रोजमर्रा के इस्तेमाल को ध्यान में रखा जाए तो नई मारुति स्विफ्ट एक ज्यादा संतुलित पैकेज साबित होती है।
बेहतर ईंधन दक्षता, आरामदायक ड्राइविंग और नई तकनीक के कारण नई स्विफ्ट अपने सेगमेंट में मजबूत विकल्प बनकर उभर रही है।
Navyug Samachar